लखनऊ : यूपी बोर्ड की कॉपियों के डिजिटल मूल्यांकन का काम फ़िलहाल संभव नहीं, अपूर्ण रही तैयारी. हर साल 50 लाख से ज्यादा छात्र होते हैं परीक्षा में सम्मलित. पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर एक जिले से होना था शुरू. लेकिन उच्च स्तर पर नहीं बनी सहमति, आगे किया जाएगा प्रभावी.