लखनऊ : हाईकोर्ट की लखनऊ खंडपीठ से डेढ़ करोड़ की रिश्वत मांगने की आरोपी अफसर को नहीं जमानत. केन्द्रीय वस्तु एवं सेवा कर विभाग की आईआरएस अधिकारी प्रभा भंडारी की जमानत अर्जी खारिज पर जीएसटी चोरी के मामले को निपटाने के लिए कारोबारियों से डेढ़ करोड़ रूपये रिश्वत मांगने का आरोप है. एकल खंडपीठ ने कहा कि व्हाट्सअप, काल रिकार्दिंह से साफ़ है कि डिप्टी कमिश्नर ने रूपये को सोने में बदलने के निर्देस्श दिए थे, इसलिए जमानत का कोई ठोस आधार नहीं बनता.